ॐ जय गंगाधर जय हर जय गिरिजाधीशा
भगवान शिव · Shiva · आरती
ॐ जय गंगाधर जय हर जय गिरिजाधीशा के बोल
ॐ जय गंगाधर जय हर जय गिरिजाधीशा।
त्वं मां पालय नित्यं कृपया जगदीशा॥ १॥ हर हर हर महादेव॥
कैलासे गिरिशिखरे कल्पद्रुमविपिने।
गुञ्जति मधुकरपुञ्जे कुञ्जवने गहने॥
कोकिलकूजित खेलत हंसावन ललिता।
रचयति कलाकलापं नृत्यति मुदसहिता॥ २॥ हर हर हर महादेव॥
तस्मिन् ललितसुदेशे शाला मणिरचिता।
तन्मध्ये हरनिकटे गौरी मुदसहिता॥
क्रीडा रचयति भूषारञ्जित निजमीशम्।
इन्द्रादिक सुर सेवत नामयते शीशम्॥ ३॥ हर हर हर महादेव॥
बिबुधबधू बहु नृत्यत हृदये मुदसहिता।
किन्नर गायन कुरुते सप्त स्वर सहिता॥
ॐ जय गंगाधर जय हर जय गिरिजाधीशा — कब पढ़ें
भगवान शिव की आराधना का दिन सोमवार है — अगला सोमवार, 12 अक्टूबर को।
जप की गिनती हेतु ऑनलाइन जप-माला का उपयोग करें — एक माला अर्थात 108 जप।
अगला संबंधित व्रत
भगवान शिव से जुड़ा अगला व्रत — शुक्ल प्रदोष, शुक्रवार, 23 अक्टूबर (14 दिन बाद)।
अन्य: मासिक शिवरात्रि — शनिवार, 7 नवंबर।